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धनिया

धनिया (अंग्रेज़ी: Coriander) भारतीय रसोई में प्रयोग की जाने वाली एक सुंगंधित हरी पत्ती है। मारवाडी भाषा मेँ इसे धोणा कहा जाता है। सामान्यतः इसका उपयोग सब्ज़ी की सजावट और ताज़े मसाले के रूप में किया जाता है। इसके बीज को सुखाकर सूखे मसाले की तरह प्रयोग किया जाता है
धनिया भारतीय रसोई में प्रयोग की जाने वाली एक सुंगंधित हरी पत्ती है जो कि भोजन को और भी स्वादिष्ट बना देती है। सामान्यतः इसका उपयोग सब्ज़ी की सजावट और ताज़े मसाले के रूप में किया जाता है 

जलवायु 
ऐसे  क्षेत्र इसके सफल उत्पादन के लिए सर्वोत्तम माने गए है धनिये की अधिक उपज एवं गुणवत्ता के लिए शुष्क एवं ठंडी जलवायु उपयुक्त रहती है इसे खुली धुप की आवश्यकता होती है ।

अब हर जलवायु में बोएं नरेंद्र हल्दी की नई प्रजाति

अब हर जलवायु में बोएं नरेंद्र हल्दी की नई प्रजाति

आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक की मेहनत रंग लाई। उनकी ईजाद की गई हल्दी की नई प्रजाति एनडीएच-98 सभी प्रकार की जलवायु के लिए मुफीद पाई गई है। इसे न सिर्फ देश के सभी प्रांतों में उगाया जा सकेगा, बल्कि यह गुणवत्ता व मात्रा में भी श्रेष्ठ पाई गई।
हाल में ही राजस्थान में आयोजित राष्ट्रीय बीजीय मसाला अनुसंधान केंद्र में आयोजित कार्यशाला में हल्दी की इस प्रजाति को रिलीज करने की अनुमति मिली। यह प्रजाति अब रिलीज हो चुकी है। इस प्रजाति ने देशभर में नरेंद्रदेव कृषि विश्वविद्यालय व शोधकर्ता डॉ. विक्रमा प्रसाद पांडेय के कार्य का लोहा मनवाया है।

छत्तीसगढ़ धनिया में स्वाद के साथ खुशबू भी

छत्तीसगढ़ धनिया में स्वाद के साथ खुशबू भी

हरा धनिया की दो पत्ती सब्जी या सलाद के स्वाद को बढ़ा देती है। अब इसी स्वाद को दोगुना करने के लिए इंदिरा गांधी कृषि विवि (इंगांकृविवि) के वैज्ञानिकों ने 'छत्तीसगढ़ धनिया" विकसित किया है, जिसमें सामान्य धनिया के अपेक्षाकृत पैदावार और खुशबू कहीं ज्यादा है। गौरतलब है कि राज्य के किसान धनिया की खेती करते हैं, लेकिन बीज लगने से पहले पत्तियों को तोड़कर उपयोग कर लेते हैं या बाजार में बंडल बनाकर बेच देते हैं। ऐसे में अब 'छत्तीसगढ़ धनिया" की बोनी कर उपयोगिता के साथ-साथ बीज का संरक्षण भी कर सकेंगे।

धनिया की कीमतें दोगुनी हो रही

धनिया की कीमतें दोगुनी हो रही

खराब मौसम की वजह से कृ षि जिसों से मंहगाई थम नहीं रही है। उत्पादन कम होने की आंशका के चलते धनिया की कीमतें दोगुनी हो रही है।वायदा बाजार में धनिया 12,000 रुपये प्रति  के पार पहुंच चुकी है जबकि हाजिर बाजार में 9,000 रुपये के ऊपर खड़ी है। करीब ढाई महीने में धनिये की कीमतें दोगुनी हो गई हैं।